रिपोर्ट: लक्ष्मण बिष्ट : चंपावत:उत्तराखंड राज्य जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ ने 13 सूत्रीय मांगों को लेकर भरी हुंकार
Laxman Singh Bisht
Mon, May 18, 2026
उत्तराखंड राज्य जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ ने 13 सूत्रीय मांगों को लेकर भरी हुंकार
मुख्य शिक्षा अधिकारी कार्यालय के बाहर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए जताया विरोध
जल्द सुनवाई न होने पर प्रदेशव्यापी उग्र आंदोलन की चेतावनी
चंपावत जिला मुख्यालय मे मुख्य शिक्षा अधिकारी कार्यालय के बाहर उत्तराखंड राज्य जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ ने अपनी 13 सूत्रीय मांगों को लेकर मोर्चा खोल दिया है। जल्द मांगों पर सुनवाई न होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है। सोमवार को जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ के जिला अध्यक्ष रमेश देव के नेतृत्व में जिलेभर से आए हुए शिक्षको ने मुख्य शिक्षा अधिकारी कार्यालय के बाहर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए जोरदार प्रदर्शन किया। साथ ही जल्द मांगों को पूरा करने की आवाज उठाई। शिक्षकों का कहना है कि वह बीते कई वर्षों से अपनी मांगों को उठा रहे हैं लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है। उनकी प्रमुख मांग वर्ष 2010 से पहले भर्ती हुई शिक्षकों को टीटी परीक्षा से मुक्त करना, जूनियर हाईस्कूल के शिक्षकों को समान कार्य समान वेतन की श्रेणी में शामिल करने, प्रधानाध्यापक व सहायक अध्यापकों को पूर्ण सेवाकाल में तीन पदोन्नति देने, जूनियर हाईस्कूल में पांचवां पद अंग्रेजी विषय अनिवार्य किए जाने, पुरानी पेंशन बहाल करने, स्वास्थ्य प्राधिकरण के तहत शिक्षकों को निःशुल्क चिकित्सा सुविधा प्रदान करने, वार्षिक खेलकूद प्रतियोगिता के लिए संकुल स्तर पर 75 हजार, विकासखंड स्तर पर डेढ़ लाख रुपए जबकि जनपद स्तर पर तीन लाख रुपए दिए जाने, सीपीएड शिक्षकों को एलटी व्यायाम के पदों पर नियुक्त करने और 5400 ग्रेड वेतन प्राप्त करने वाले शिक्षकों को राजपत्रित अधिकारी घोषित करने सहित अन्य मांगों को प्रमुखता से उठाया।

जिसके बाद शिक्षकों ने डीएम के माध्यम से मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री ज्ञापन भेजा। जिला अध्यक्ष रमेश देव ने चेतावनी देते हुए कहा अगर शिक्षकों की मांग पर जल्द सुनवाई नहीं होती है सभी शिक्षक प्रदेश स्तर पर उग्र आंदोलन करेंगे। जिसकी पूरी जिम्मेदारी सरकार की होगी। शिक्षक नेता और शिक्षक मौजूद रहे।