: उत्तराखण्ड का लाल जम्मू कश्मीर में हुआ शहीद
Laxman Singh Bisht
Sat, Aug 3, 2024उत्तराखण्ड का लाल जम्मू कश्मीर में हुआ शहीद
जम्मू कश्मीर के कुपवाड़ा जिले के तंगधार में पेट्रोलिंग के दौरान उत्तराखंड के एक और जवान सते सिंह बिष्ट शहीद हो गए। हवलदार सते सिंह 17 वीं गढ़वाल राइफल में तैनात थे और कुपवाड़ा में आर्मी यूनिट के साथ जेसीओ की भूमिका में ड्यूटी निभा रहे थे इसी दौरान पेट्रोलिंग के दौरान शहीद हो गए। 42 साल के हवलदार सते सिंह बिष्ट पुत्र स्वर्गीय गोपाल सिंह बिष्ट मूल रूप से ग्राम जुराना, चंद्रबदनी खास पट्टी टिहरी गढ़वाल के रहने वाले थे। वर्तमान में वो पिछले सात साल से अठुरवाला में रह रहे थे।शुक्रवार दोपहर सेना के अधिकारियों द्वारा परिजनों को सूचना दी गई कि सत्ये सिंह बिष्ट जम्मू कश्मीर में पेट्रोलिंग के दौरान शहीद हो गए। खबर मिलते ही परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है वहीं गांव में मातम छाया हुआ है। आज शाम देहरादून एयरपोर्ट पर हेलिकॉप्टर से उनके पार्थिव शरीर को लाए जाने की संभावनाएं हैं। उनके परिवार में उनकी पत्नी संगीता (42) पुत्री स्वाति बिष्ट, महक बिष्ट और पुत्र अयान बिष्ट हैं। शहीद के परिवार में दो बहन और एक भाई है। अंतिम संस्कार कल ऋषिकेश में किया जाएगा।
जम्मू कश्मीर के कुपवाड़ा जिले के तंगधार में पेट्रोलिंग के दौरान उत्तराखंड के एक और जवान सते सिंह बिष्ट शहीद हो गए। हवलदार सते सिंह 17 वीं गढ़वाल राइफल में तैनात थे और कुपवाड़ा में आर्मी यूनिट के साथ जेसीओ की भूमिका में ड्यूटी निभा रहे थे इसी दौरान पेट्रोलिंग के दौरान शहीद हो गए। 42 साल के हवलदार सते सिंह बिष्ट पुत्र स्वर्गीय गोपाल सिंह बिष्ट मूल रूप से ग्राम जुराना, चंद्रबदनी खास पट्टी टिहरी गढ़वाल के रहने वाले थे। वर्तमान में वो पिछले सात साल से अठुरवाला में रह रहे थे।शुक्रवार दोपहर सेना के अधिकारियों द्वारा परिजनों को सूचना दी गई कि सत्ये सिंह बिष्ट जम्मू कश्मीर में पेट्रोलिंग के दौरान शहीद हो गए। खबर मिलते ही परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है वहीं गांव में मातम छाया हुआ है। आज शाम देहरादून एयरपोर्ट पर हेलिकॉप्टर से उनके पार्थिव शरीर को लाए जाने की संभावनाएं हैं। उनके परिवार में उनकी पत्नी संगीता (42) पुत्री स्वाति बिष्ट, महक बिष्ट और पुत्र अयान बिष्ट हैं। शहीद के परिवार में दो बहन और एक भाई है। अंतिम संस्कार कल ऋषिकेश में किया जाएगा।