रिपोर्ट:लक्ष्मण बिष्ट : लोहाघाट विधायक का कार्यकाल सबसे बुरा 4: 50 साल तक जनता के बीच से रहे नदारद: आनंद अधिकारी ।
लोहाघाट विधायक का कार्यकाल सबसे बुरा 4: 50 साल तक रहे नदारद: आनंद अधिकारी ।
चुनाव के समय जनता आ रही है याद विधायक निधि का दिया जा रहा है लालच।
लोहाघाट विधायक के विरोध में खुलकर सामने आए जिला पंचायत अध्यक्ष अधिकारी

चंपावत के जिला पंचायत अध्यक्ष आनंद सिंह अधिकारी ने मीडिया में दिए गए बयान में लोहाघाट विधायक खुशाल सिंह अधिकारी पर सबसे खराब विधायक होने का गंभीर आरोप लगाया है। जिला पंचायत अध्यक्ष ने आरोप लगाते हुए कहा लोहाघाट विधायक का कार्यकाल अब तक का सबसे खराब कार्यकाल रहा है वह 4: 50 साल तक जनता के बीच से नदारद रहे हैं। अब इलेक्शन का समय आ रहा है तो जनता के सबसे बड़े मसीहा बनने का दिखावा कर रहे हैं। जिला पंचायत अध्यक्ष आनंद सिंह अधिकारी ने आरोप लगाते हुए कहा लोहाघाट विधायक खुशाल सिंह अधिकारी के द्वारा विकास कार्यों के लिए दी जाने वाली विधायक निधि तक नही बाटी गई। अब चुनाव का समय आ रहा है तो वह जनता को विधायक निधि का लालच देकर अपनी ओर मिलाने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा 4:50 साल तक लोहाघाट विधायक खुशाल सिंह अधिकारी के द्वारा विकास कार्यों के लिए जनता को कोर्ट कचहरी का बहाना बनाया गया जबकि यह उनका अपना निजी मामला था । कहा लोहाघाट विधानसभा में कोई भी विकास कार्य नहीं हुआ है। आनंद सिंह अधिकारी ने कहा 2027 विधानसभा चुनाव में लोहाघाट विधायक खुशाल सिंह अधिकारी की बुरी तरह हार होगी। जनता उनकी कार्यप्रणाली को समझ चुकी है। चुनाव के समय उन्हें जनता की याद आ रही है। जिला पंचायत अध्यक्ष आनंद सिंह अधिकारी के इस बयान से लोहाघाट की राजनीती गरमा गई है। मालूम हो लोहाघाट विधायक खुशाल सिंह अधिकारी जिला पंचायत अध्यक्ष आनंद सिंह अधिकारी के सगे चाचा है। पर जिला पंचायत अध्यक्ष के द्वारा उन पर काफी गंभीर आरोप लगाए गए हैं। अब मामला तूल पकड़ता नजर आ रहा है। अब देखना है जिला पंचायत अध्यक्ष का बयान आगे क्या रंग लाता है। फिलहाल काफी गंभीर आरोप लोहाघाट विधायक पर लगाए गए हैं। जिला पंचायत अध्यक्ष के इस बयान से लोहाघाट की राजनीति में भूचाल आने की पूरी संभावना बनी हुई है। अब देखना है मामले में लोहाघाट विधायक अपनी क्या प्रतिक्रिया देते हैं। चाचा भतीजे की यह राजनीतिक जंग क्या रंग लाती है।