रिपोर्ट: लक्ष्मण बिष्ट 👹👹 : रीठा साहिब:कुबेर गार्डन के रसीले मीठे पुलम' ने रसगुल्ला को दी है मात। रोजगार कब बना जरिया
Laxman Singh Bisht
Wed, Jun 11, 2025
राजकोट दुर्गानगर स्थान को सिख तीर्थ यात्रियों ने बनाया अपना स्टॉपेज।
₹800 किलो बिक रही है पुलम की बनी रोटी।
श्रीरीठासाहिब। यहां चल रहे जोड़ मेले में आने वाले तीर्थ यात्रियों के लिए दुर्गा नगर राजकोट का कुबेर गार्डन एक ऐसा स्टॉपेज बना हुआ है जहां पेड़ में लदे 'पुलम' खाने से तीर्थ यात्रियों का मन नहीं भर रहा। दरअसल कुबेर गार्डन में पेड़ में ही पके लाल बड़े दानों के पुलमों में ऐसी मिठास भरी हुई है कि यात्री स्वयं एक दूसरे से इस फल की तारीफ कर रहे हैं। यात्रियों का कहना है कि इस फल के सामने रसगुल्ला या गुलाब जामुन भी हार मान लेगा। चंडीगढ़ से आए बेअंत सिंह, सरोज कौर, कुलवंत सिंह, हरविंदर सिंह आदि का कहना है कि कुबेर गार्डन के मालिक शिवराज सिंह ने अपनी पत्नी उर्मिला बोहरा व बेटे ने मिलकर ऐसा गार्डन बनाया है जहां उनके यहां काफल, अखरोट, अंजीर से लेकर सभी प्रकार के जैविक फल मिल जाते हैं उनका अपना अलग ही स्वाद है । किसान बोहरा का कहना है तीर्थ यात्रियों द्वारा उन्हें सम्मान से जीने का अवसर देकर प्रोत्साहित किया जाता रहा है। आजकल वह जैविक अंजीर का भी स्वाद चखा रहे हैं जो औषधिय गुणों से भरपूर है।
पेड़ में इनके इतने पुलम हो रहे हैं कि वह स्वयं फटकर जमीन में गिर रहे हैं। इनका उनकी पत्नी उर्मिला द्वारा गूदा निकालकर उसे सुखाकर रोटी की शक्ल दी जा रही है जो ₹800 किलो के दर से बिक रहा है। इसमें पुदीना, भुना हुआ जीरा, सेंधा नमक, मिर्च, हरा धनिया मिलाकर चटनी बनाने से लोग इसका स्वाद नहीं भूल पा रहे है। बोहरा द्वारा सिलबट्टे में बनाए गए विशेष प्रकार के नमक के साथ अगर इन फलों को खाया जाए तो उनका स्वाद एवं जायका ही बदल जाता है।