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रिपोर्ट:लक्ष्मण बिष्ट 👹👹 : उत्तराखंड:पंचायत प्रशासकों का नहीं बढ़ाया जाएगा कार्यकाल दो महीने के भीतर हो सकते हैं चुनाव

Laxman Singh Bisht

Sun, Mar 30, 2025

पंचायत प्रशासकों का नहीं बढ़ाया जाएगा कार्यकाल दो महीने के भीतर हो सकते हैं चुनाव

उत्तराखंड मे त्रिस्तरीय पंचायतो में प्रशासकों का कार्यकाल नहीं बढ़ाया जाएगा, दो महीनो के भीतर होंगे चुनाव संपन्न, चुनाव की तैयारियों मे जुटा निर्वाचन आयोग। उत्तराखंड में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव को लेकर बड़ी खबर सामने आ रही है कि त्रिस्तरीय पंचायतों में नियुक्त प्रशासकों का कार्यकाल नहीं बढ़ाया जाएगा जिसके चलते राज्य सरकार ने पंचायत चुनाव को लेकर तैयारी पूरी कर ली है और अब अगले दो महीने के भीतर चुनाव संपन्न कराने की तैयारी चल रही है । सहकारिता सचिव चंद्रेश कुमार ने जानकारी देते हुए बताया कि पंचायत चुनाव को लेकर राज्य निर्वाचन आयोग से चर्चा हो चुकी है। लेकिन चुनाव आयोग द्वारा अभी चुनाव की तिथि की घोषणा नहीं की गई है। प्रदेश में कुल 7832 ग्राम पंचायत और 3162 क्षेत्र पंचायत समेत 385 जिला पंचायत है। जिनमें वर्ष 2019 में हुए पंचायत चुनाव में निर्वाचित पंचायत प्रतिनिधियों का कार्यकाल 2024 में समाप्त हो चुका है। शासन ने पंचायत का संचालन करने के लिए ग्राम पंचायत, क्षेत्र पंचायत समेत जिला पंचायत अध्यक्ष के पदों पर प्रशासक नियुक्त किए थे। जिला पंचायत प्रशासको का कार्यकाल 01 जून तथा ग्राम प्रधान प्रशासको का 10 जून को समाप्त हो रहा है।पहले राज्य सरकार ने त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव को लेकर जानकारी दी थी कि अप्रैल माह के अंत तक चुनाव संपन्न करा लिए जाएंगे लेकिन उधम सिंह नगर के दो ब्लॉक में कुछ पंचायतो के नगर निगम में शामिल होने के बाद परिसीमन मे गड़बड़ी हो गई जिसके चलते त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव अब मई के अंत तक होने की संभावना जताई गई है। परिसीमन के अलावा ओबीसी आरक्षण लागू किए जाने की प्रक्रिया शेष है जिसके लिए सरकार एकल समर्पित आयोग का कार्यकाल बढ़ाने जा रही है जिसका प्रस्ताव शीघ्र कैबिनेट में आ सकता है। जानकारी के अनुसार हरिद्वार को छोड़कर 12 जिलों में त्रिस्तरीय पंचायत का कार्यकाल बीते 27 नवंबर को समाप्त हो गया था लेकिन सरकार ने दिसंबर माह में अगले 6 माह चुनाव होने तक प्रशासक नियुक्त कर दिए थे। जिसके चलते सरकार के पास जून तक का समय दिया गया है। वहीं मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव को लेकर शासन से रिपोर्ट मांगी जो पंचायत निदेशालय की ओर से शासन को सौंप दी गई है। जिसके तहत हरिद्वार को छोड़कर बाकी जिलों में ग्राम क्षेत्र और जिला पंचायत का परिसीमन कर लिया गया है लेकिन बात सिर्फ उधम सिंह नगर के दो ब्लाकों पर अटक कर रह गई है। सरकार के पास अभी 65 दिन से अधिक का समय शेष है और इस अवधि में चुनाव संपन्न होने की उम्मीद बरकरार है।परिसीमन के बाद ग्राम पंचायतों की संख्या 7,796 से बढ़कर 7,823 हो गई। ग्राम पंचायत वार्ड 59,219 से बढ़कर 59,357 और जिला पंचायत की सीटें 385 से बढ़कर 389 हो गई थीं। वहीं, क्षेत्र पंचायतों की संख्या बढ़ने के बजाय 3,162 से घटकर 3,157 हो गई, लेकिन शहरी विकास विभाग की ओर से कुछ निकायों का विस्तार एवं कुछ ग्राम पंचायतों को नगर पालिका क्षेत्र से बाहर किया गया है।

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