रिपोर्ट :लक्ष्मण बिष्ट : लोहाघाट:डीएम ने यातायात पुलिस के जवान हेम माहरा को उनकी ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा के लिए किया सम्मानित
डीएम ने यातायात पुलिस के जवान हेम माहरा को उनकी ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा के लिए किया सम्मानित
58 वर्षीय पुलिसकर्मी ने पेश की मानवता की मिसाल, महिला का खोया हुआ पर्स और ₹34,000 की धनराशि सकुशल लौटाई।
डीएम ने ईमानदारी को दिया सम्मान।
जनपद चंपावत में ईमानदारी और निस्वार्थ सेवा की अनूठी मिसाल पेश करने वाले लोहाघाट थाना अंतर्गत यातायात पुलिस में कार्यरत कांस्टेबल हेम माहरा को आज बुधवार को जिलाधिकारी चंपावत मनीष कुमार द्वारा शॉल ओढ़ाकर तथा स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मानित किया गया। 58 वर्षीय माहरा ने अपनी कर्तव्यनिष्ठा से न केवल पुलिस विभाग का मान बढ़ाया है, बल्कि समाज के सामने ईमानदारी का एक बड़ा उदाहरण भी प्रस्तुत किया है।विगत दिनों लोहाघाट टैक्सी स्टैंड के समीप ड्यूटी के दौरान कांस्टेबल हेम माहरा को एक लावारिस पर्स पड़ा मिला था, जिसमें ₹34,000 से अधिक की नकद राशि और महत्वपूर्ण दस्तावेज मौजूद थे। कांस्टेबल माहरा ने तत्काल तत्परता दिखाते हुए इसके वास्तविक स्वामी की खोजबीन की और बाराकोट निवासी श्रीमती मंजू देवी तथा उनकी पुत्री सपना को ढूंढकर पूरी धनराशि व सामान सकुशल उन्हें वापस सौंपा।इससे पूर्व भी माहरा बिछड़े हुए बच्चों को ढूंढकर उनके परिजनों से मिलवा चुके हैं और यात्रियों का खोया हुआ कीमती सामान वापस लौटाने में हमेशा अग्रणी रहे हैं।
इसके अतिरिक्त, मानवीय संवेदना का परिचय देते हुए उन्होंने पूर्व में कुत्ता काटने से घायल एक महिला को स्वयं अस्पताल ले जाकर उनका टीकाकरण भी करवाया था। जिलाधिकारी मनीष कुमार ने पुलिस कांस्टेबल हेम माहरा की प्रशंसा करते हुए कहा कि 58 वर्ष की आयु में भी उनकी यह ऊर्जा और ईमानदारी विभाग के अन्य कर्मियों के लिए एक मिसाल है। उनके इस निस्वार्थ भाव से सभी लोगों को प्रेरणा लेनी चाहिए।