रिपोर्ट:लक्ष्मण बिष्ट : लोहाघाट:मिलते रहे आश्वासन नहीं बनी जीआईसी रोसाल की सुरक्षा दीवार छात्रों की सुरक्षा से खिलवाड़।
Laxman Singh Bisht
Wed, Apr 15, 2026
मिलते रहे आश्वासन नहीं बनी जीआईसी रोसाल की सुरक्षा दीवार छात्रों की सुरक्षा से खिलवाड़।
लेटर लेटर खेल रहे हैं अधिकारी। छात्र-छात्राओं के साथ हादसा होने पर जिम्मेदार रहेगा प्रशासन: पांडे

जन-जन की सरकार जन जन के द्वारा से भी नहीं हुआ समस्या का समाधान।
अधिकारियों की लापरवाही बच्चों की सुरक्षा पर बड़ा खतरा। जिलाधिकारी से सुरक्षा दीवार निर्माण की मांग।

चंपावत जिले के जिम्मेदार अधिकारी अपनी जिम्मेदारियां के प्रति कितने जागरूक हैं इसका जीता जागता उदाहरण लोहाघाट ब्लॉक के सीमांत जीआईसी रोसाल में देखा जा सकता है। जहां 200 छात्र छात्राओं की सुरक्षा से किस प्रकार से खिलवाड़ किया जा रहा है ।जहा पिछले 2 साल से एक क्षतिग्रस्त सुरक्षा दीवार का निर्माण तक नहीं हो पाया है। विद्यालय के पीटीए अध्यक्ष मोहन चंद्र पांडे ने जानकारी देते हुए बताया लोहाघाट ब्लॉक के सीमांत राजकीय इंटर कॉलेज रौसाल में प्रांगण की सुरक्षा दीवार वर्ष 2021-22 में बनी थी जो कि उसी साल सितंबर की आपदा में गिर गई। उसके बाद दीवार को वर्ष 24-25 मे दुबारा बनाया गया जो फिर अगस्त माह की बरसात में दुबारा से गिर गई। पीटीए अध्यक्ष पांडे ने बताया उनके द्वारा लगातार विभाग व प्रशासन को इस बारे में अवगत कराया गया लेकिन अभी तक कोई सुध नहीं ली जा रही है। सिर्फ सूचना मांग कर मामले को ठंडे बस्ते में डाल दिया गया है। स्कूल में बच्चों के पास प्रार्थना करने व खेलने के लिए प्रांगण तक नही बचा है और जो दीवार गिरी उसके नीचे कक्षाएं संचालित होती है जिससे बच्चों की सुरक्षा को खतरा पैदा हुआ है। बरसात के मौसम में कभी भी कोई हादसा हो सकता है। मामले से कोई भी अधिकारी अनभिज्ञ नहीं है।
पांडे ने बताया उनके द्वारा दो बार जन जन की सरकार जन जन के द्बार में संबंधित विभाग व नोडल अधिकारियो को लिखित रूप से अवगत कराया गया था कि लापरवाही बच्चों पर भारी पड़ सकती है। बार बार इसमें कुछ न कुछ बहाने बनाकर लटकाया जा रहा है विभाग लेटर लेटर खेल रहे हैं। पांडे ने कहा अगर विद्यालय के छात्र-छात्राओं के साथ कोई हादसा होता है तो उसकी पूरी जिम्मेदारी शासन प्रशासन की होगी। उन्होंने विभागीय अधिकारियों पर बच्चों की सुरक्षा से खिलवाड़ करने के गंभीर आरोप लगाए हैं साथ ही छात्र-छात्राओं की सुरक्षा को देखते हुए जिलाधिकारी चंपावत से सुरक्षा दीवार निर्माण की मांग की है। उन्होंने का विद्यालय में 200 छात्र छात्राएं अध्यनरत हैं।
