रिपोर्ट:लक्ष्मण बिष्ट : लोहाघाट:गुरुकुलम एकेडमी में पर्यावरण आधारित प्रतियोगिताओं के विजेताओं को किया गया सम्मानित
Laxman Singh Bisht
Thu, Jun 11, 2026
गुरुकुलम एकेडमी में पर्यावरण आधारित प्रतियोगिताओं के विजेताओं को किया गया सम्मानित

लोहाघाट। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर गुरुकुलम एकेडमी लोहाघाट में आयोजित विभिन्न शैक्षणिक एवं रचनात्मक प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं को एक विशेष समारोह में सम्मानित किया गया। विद्यालय प्रांगण में आयोजित इस कार्यक्रम में ड्राइंग, भाषण ,सामान्य ज्ञान,स्लोगन लेखन, कविता पाठ एवं अन्य पर्यावरण आधारित प्रतियोगिताओं में प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को पुरस्कार एवं प्रमाण पत्र प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन किया गया।विद्यालय प्रबंधक राजेश पाण्डेय ने बताया कि विश्व पर्यावरण दिवस के उपलक्ष्य में सप्ताह भर विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया गया था, जिनका मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता विकसित करना, प्रकृति के प्रति संवेदनशील बनाना तथा उन्हें अपने सामाजिक दायित्वों के प्रति प्रेरित करना था। प्रतियोगिताओं में विद्यार्थियों ने पूरे उत्साह, आत्मविश्वास और रचनात्मकता के साथ प्रतिभाग किया तथा पर्यावरण संरक्षण, जल बचाओ, वृक्ष लगाओ, प्लास्टिक मुक्त समाज, स्वच्छता एवं जैव विविधता जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर अपने विचार प्रस्तुत किए।ड्राइंग प्रतियोगिता में बच्चों ने रंगों के माध्यम से प्रकृति की सुंदरता और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। वहीं भाषण प्रतियोगिता में प्रतिभागियों ने वर्तमान समय में बढ़ते प्रदूषण, जलवायु परिवर्तन और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण की आवश्यकता पर प्रभावशाली विचार रखे। स्लोगन लेखन प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने अपनी रचनात्मक सोच का परिचय देते हुए ऐसे प्रेरणादायक संदेश लिखे जो पर्यावरण संरक्षण के प्रति लोगों को जागरूक करने का कार्य करेंगे। सामान्य ज्ञान प्रतियोगिता के माध्यम से विद्यार्थियों के पर्यावरण संबंधी ज्ञान और समझ का भी मूल्यांकन किया गया।पुरस्कार वितरण समारोह के दौरान विद्यालय कोऑर्डिनेटर कविता पुनेठा ने सभी विजेता विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि प्रतियोगिताओं का वास्तविक उद्देश्य पुरस्कार प्राप्त करने के साथ साथ विद्यार्थियों के व्यक्तित्व का सर्वांगीण विकास करना और उनमें सामाजिक एवं नैतिक मूल्यों का विकास करना है। उन्होंने कहा कि आज पर्यावरण संरक्षण केवल एक विषय नहीं, बल्कि मानव अस्तित्व से जुड़ा एक महत्वपूर्ण प्रश्न बन चुका है। ऐसे में बच्चों को प्रारंभिक स्तर से ही प्रकृति के प्रति जागरूक और जिम्मेदार बनाना समय की मांग है।विद्यालय के चंद्र भानु गहतोड़ी ने अपने संबोधन में कहा कि जिस प्रकार पेड़-पौधे, जल, वायु और भूमि हमारे जीवन के आधार हैं, उसी प्रकार इनका संरक्षण भी हमारी प्राथमिक जिम्मेदारी होनी चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों से अपने जीवन में पर्यावरण संरक्षण से जुड़े छोटे-छोटे संकल्प अपनाने का आह्वान किया, जैसे अधिक से अधिक वृक्षारोपण करना, जल का संरक्षण करना, प्लास्टिक के उपयोग को कम करना तथा अपने आसपास स्वच्छता बनाए रखना।इस अवसर पर विद्यालय के शिक्षकों ने भी विद्यार्थियों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि बच्चों ने प्रतियोगिताओं में जिस उत्साह और समर्पण के साथ भाग लिया, वह प्रशंसनीय है।

उन्होंने कहा कि इस प्रकार की गतिविधियां बच्चों की रचनात्मक क्षमता, आत्मविश्वास और नेतृत्व कौशल को विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।कार्यक्रम के सफल आयोजन में विद्यालय के समस्त शिक्षकों एवं कर्मचारियों का विशेष योगदान रहा। विद्यालय प्रबंधन ने प्रतियोगिताओं के संचालन, मूल्यांकन एवं परिणाम तैयार करने में सहयोग देने वाले सभी शिक्षकों का आभार व्यक्त किया। साथ ही सभी प्रतिभागी विद्यार्थियों की भी प्रशंसा की गई, जिन्होंने प्रतियोगिता में भाग लेकर कार्यक्रम को सफल बनाया।पुरस्कार प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों के चेहरे खुशी और गर्व से खिल उठे। कार्यक्रम का समापन पर्यावरण संरक्षण के सामूहिक संकल्प के साथ हुआ, जिसमें सभी विद्यार्थियों एवं शिक्षकों ने प्रकृति की रक्षा और स्वच्छ पर्यावरण के निर्माण हेतु अपना योगदान देने का संकल्प लिया। विद्यालय परिवार ने आशा व्यक्त की कि इस प्रकार की गतिविधियां भविष्य में भी विद्यार्थियों को जागरूक, जिम्मेदार और संवेदनशील नागरिक बनने की प्रेरणा देती रहेंगी।इस अवसर पर विद्यालय के सभी शिक्षक शिक्षिका मौजूद रही ।