रिपोर्ट:लक्ष्मण बिष्ट : चंपावत:लधीया घाटी के बंजर खेतों को पानी की दरकार। ग्रामीणों की डीएम से सिंचाई गूल मरम्मत की मांग।
Laxman Singh Bisht
Sat, Jan 10, 2026
लधीया घाटी के बंजर खेतों को पानी की दरकार। ग्रामीणों की डीएम से सिंचाई गूल मरम्मत की मांग।
चंपावत जिले के लधीया घाटी क्षेत्र की ग्राम सभा चौड़ा पिता का घोड़ोंतोक जो धान, गेहूं ,मड़वा ,गहत व अन्य फसलों के लिए प्रसिद्ध है। आज वहां के खेत विभागीय उदासीनता के चलते सिंचाई व्यवस्था न होने के कारण बंजर व वीरान पड़ चुके है। ग्राम प्रधान खिलादेवी, प्रतिनिधि कुंदन सिंह बोरा ,क्षेत्र पंचायत सदस्य बृजेश बिष्ट व ग्रामीणों ने बताया ग्रामीणों की खेतों की सिंचाई व्यवस्था के लिए लघु सिंचाई विभाग के द्वारा सिंचाई गूल का निर्माण कराया गया था ।जो आपदा में पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई थी। कुंदन बोरा ने बताया कई बार लघु सिंचाई विभाग के अधिकारियों से क्षतिग्रस्त गूल की मरम्मत की मांग की गई थी। पर उनकी समस्या के समाधान के लिए लघु सिंचाई विभाग के द्वारा कोई संज्ञान नहीं लिया गया। बोरा ने कहा खेतों में सिंचाई व्यवस्था न होने के कारण मजबूरी में ग्रामीणों ने खेती करना छोड़ दिया। जिस कारण बड़ी तादात में ग्रामीणों के खेत बंजर पड़ चुके है।
बोरा ने कहा इन उपजाऊ खेतों से उगने वाले कृषि उत्पादन ग्रामीणों की आजीविका का बड़ा साधन हुआ करते थे ।पर विभागीय उदासीनता के चलते आज खेत वीरान पड़ चुके है। विभाग ग्रामीणों की सुनने के लिए तैयार नहीं है। ग्राम प्रधान खिलादेवी ,प्रतिनिधि कुंदन बोरा तथा क्षेत्र पंचायत सदस्य बृजेश बिष्ट व ग्रामीणों ने जिलाधिकारी चंपावत मनीष कुमार से मदद करने की गुहार लगाई है ।उन्होंने जिलाधिकारी से उक्त गूल को लघु सिंचाई से हटाकर सिंचाई विभाग को देने तथा जल्द से जल्द सिंचाई गूल की मरम्मत करने की मांग की है। ताकि ग्रामीण एक बार फिर से अपने बंजरा पड़े खेतों में खेती कर अपनी आजीविका अर्जित कर सके। बोरा ने कहा उन्हें पूरा विश्वास है जिलाधिकारी ग्रामीणों की मदद जरूर करेंगे। उन्होंने बताया सभी ग्रामीणों की ओर से जिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र दिया जा रहा है। कहा अगर उनकी समस्या का समाधान हो जाता है तो क्षेत्र से पलायन भी रुकेगा। मांग करने में नारायण सिंह बिष्ट, पुष्पा देवी ,लीलावती देवी ,पान सिंह, भगवान सिंह, कृपाल सिंह , दरबान सिंह ,सुरजीत सिंह सहित कई ग्रामीण मौजूद रहे।