Friday 27th of March 2026

ब्रेकिंग

लोहाघाट:पूर्व प्रधान ने मुख्यमंत्री से की शिवज्यू मंदिर के अधूरे निर्माण को पूरा करने व सौंदर्य करण की मांग

चंपावत:28 मार्च को ‘अर्थ ऑवर’, रात 8:30 से 9:30 बजे तक गैर-जरूरी लाइटें बंद करने की अपील

चंपावत:28 मार्च को जिले के सभी राजस्व न्यायालयों में आयोजित होगी राजस्व लोक अदालत

चंपावत:ऑनलाइन बुकिंग के बाद ही मिलेगा गैस सिलेंडर, मैसेज नहीं आने पर संपर्क करें: +91 96396 34377

नई दिल्ली:प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिले सीएम धामी, उत्तराखंड आगमन का दिया निमंत्रण

रिपोर्ट:लक्ष्मण बिष्ट : सीबीआई ने यूएई से उत्तराखंड के वांछित भगोड़े जगदीश पुनेठा की वापसी का किया सफल समन्वय

Laxman Singh Bisht

Fri, Nov 14, 2025

सीबीआई ने यूएई से उत्तराखंड के वांछित भगोड़े जगदीश पुनेठा की वापसी का किया सफल समन्वय

सीबीआई ने विदेश मंत्रालय, गृहमंत्रालय और यूएई प्राधिकारियों के साथ मिलकर कार्रवाई की

उत्तराखंड पुलिस की टीम भगोड़े जगदीश पुनेठा को भारत लेकर लौटी

जगदीश पुनेठा के विरुद्ध थाना पिथौरागढ़ में धोखाधड़ी और आपराधिक साजिश के दर्ज़ हैं आरोपकेंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने विदेश मंत्रालय तथा गृह मंत्रालय के सहयोग से संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) से उत्तराखंड के वांछित भगोड़े जगदीश पुनेठा की वापसी का सफल समन्वय किया। भगोड़ा 13 नवम्बर 2025 को भारत वापस लाया गया।रेड नोटिस के विषय जगदीश पुनेठा के विरुद्ध उत्तराखंड पुलिस द्वारा थाना पिथौरागढ़ में दर्ज एफआईआर संख्या 239/2021 के तहत धोखाधड़ी और आपराधिक साजिश के आरोप हैं। यूएई भाग जाने के बाद सीबीआई और यूएई प्राधिकारियों के संयुक्त प्रयासों से उसे चिन्हित कर हिरासत में लिया गया।इससे पहले, उत्तराखंड पुलिस के अनुरोध पर सीबीआई ने 06 मई 2025 को इंटरपोल के माध्यम से जगदीश पुनेठा के विरुद्ध रेड नोटिस जारी करवाने की कार्रवाई की थी। इसके उपरांत उत्तराखंड पुलिस की एक टीम उसे भारत लाने हेतु यूएई गई और उसे लेकर नई दिल्ली पहुंची।इंटरपोल रेड नोटिस सभी देशों की कानून प्रवर्तन एजेंसियों को वैश्विक स्तर पर प्रसारित किए जाते हैं, ताकि वांछित भगोड़ों का पता लगाने और उनका लोकेशन ट्रैक करने में सहायता मिल सके।भारत में राष्ट्रीय केंद्रीय ब्यूरो (एनसीबी) के रूप में, सीबीआई भारतपोल के माध्यम से सभी घरेलू कानून प्रवर्तन एजेंसियों के साथ समन्वय करते हुए इंटरपोल चैनलों द्वारा सहायता प्रदान करती है। पिछले कुछ वर्षों में इंटरपोल चैनल के माध्यम से समन्वित प्रयासों के जरिए 150 से अधिक वांछित अपराधियों को भारत वापस लाया गया है।

जरूरी खबरें