: लोहाघाट:जल संस्थान ने सुई लिफ्ट योजना के पानी के लिए सैंपल ग्रामीणों ने जल संस्थान पर दूषित पेयजल आपूर्ति का लगाया था आरोप
Laxman Singh Bisht
Thu, Feb 22, 2024
जल संस्थान ने सुई लिफ्ट योजना के पानी के लिए सैंपल ग्रामीणों ने जल संस्थान पर दूषित पेयजल आपूर्ति का लगाया था आरोप
लोहाघाट की सुई लिफ्ट पेयजल योजना में ग्रामीणों ने दूषित पेयजल आपूर्ति के आरोप जल संस्थान पर लगाए थे तथा लंबे समय से ग्रामीण जल संस्थान के खिलाफ आंदोलन कर पेयजल लाइन बदलने की मांग कर रहे हैं ग्रामीणों की मांग पर आखिर जल संस्थान हरकत में आया और जल संस्थान कर्मचारियों ने घर-घर जाकर पानी के सैंपल लिए तथा लोगों को साफ पानी देने का भरोसा जल संस्थान के अधिकारियों के द्वारा दिलाया गया गांव के ग्रामीणों ने पेयजल योजना बनने के बाद से ही दूषित और लाल पानी आने की शिकायत करी थी ग्रामीणों ने कहा दूषित पेयजल की वजह से गांव में बच्चे पीलिया और टाइफाइड की चपेट में आ गए ग्रामीणों ने आरोप लगाते हुए कहा जल संस्थान के द्वारा डेढ़ करोड़ रुपए की लागत से बनी नई पेयजल लाइन में घटिया पाइप लगा दिए जिस कारण योजना में दूषित गंदा पानी आ रहा है वही जल संस्थान के अभियंता पवन बिष्ट ने बताया पेयजल टैंक, छमनिया, सुई गांव में पानी के सैंपल लिए उन्होंने कहा योजना का अभी परीक्षण चल रहा है धीरे-धीरे पानी की गुणवत्ता में सुधार आ रहा है तथा विभाग पेयजल आपूर्ति में पूरी सावधानी बरत रहा है तथा लोगों को पानी उबालकर पीने की सलाह दी जा रही है
उन्होंने बताया शुक्रवार को भी पानी के सैंपल लिए जाएंगे मालूम हो इस योजना से राजीव गांधी नवोदय विद्यालय, पऊ , चनकांडे,सातखाल ,चमनपुर तथा बाराकोट के कालाकोट तक पेयजल आपूर्ति करी जाती है मालूम हो हर घर नल हर घर जल योजना से लगभग डेढ़ करोड़ रुपए की लागत से बनी यह योजना बनने के बाद से ही विवादों के घेरे में आ गई
लोहाघाट की सुई लिफ्ट पेयजल योजना में ग्रामीणों ने दूषित पेयजल आपूर्ति के आरोप जल संस्थान पर लगाए थे तथा लंबे समय से ग्रामीण जल संस्थान के खिलाफ आंदोलन कर पेयजल लाइन बदलने की मांग कर रहे हैं ग्रामीणों की मांग पर आखिर जल संस्थान हरकत में आया और जल संस्थान कर्मचारियों ने घर-घर जाकर पानी के सैंपल लिए तथा लोगों को साफ पानी देने का भरोसा जल संस्थान के अधिकारियों के द्वारा दिलाया गया गांव के ग्रामीणों ने पेयजल योजना बनने के बाद से ही दूषित और लाल पानी आने की शिकायत करी थी ग्रामीणों ने कहा दूषित पेयजल की वजह से गांव में बच्चे पीलिया और टाइफाइड की चपेट में आ गए ग्रामीणों ने आरोप लगाते हुए कहा जल संस्थान के द्वारा डेढ़ करोड़ रुपए की लागत से बनी नई पेयजल लाइन में घटिया पाइप लगा दिए जिस कारण योजना में दूषित गंदा पानी आ रहा है वही जल संस्थान के अभियंता पवन बिष्ट ने बताया पेयजल टैंक, छमनिया, सुई गांव में पानी के सैंपल लिए उन्होंने कहा योजना का अभी परीक्षण चल रहा है धीरे-धीरे पानी की गुणवत्ता में सुधार आ रहा है तथा विभाग पेयजल आपूर्ति में पूरी सावधानी बरत रहा है तथा लोगों को पानी उबालकर पीने की सलाह दी जा रही है
उन्होंने बताया शुक्रवार को भी पानी के सैंपल लिए जाएंगे मालूम हो इस योजना से राजीव गांधी नवोदय विद्यालय, पऊ , चनकांडे,सातखाल ,चमनपुर तथा बाराकोट के कालाकोट तक पेयजल आपूर्ति करी जाती है मालूम हो हर घर नल हर घर जल योजना से लगभग डेढ़ करोड़ रुपए की लागत से बनी यह योजना बनने के बाद से ही विवादों के घेरे में आ गई