: लोहाघाट:एनएच की लापरवाही जनता पर पड़ी भारी 11 घंटे बाद भी नहीं खुल सका एनएच/ बंद पड़ी जेसीबी/ पोकलैंड की लाइट खराब सैकड़ो यात्री व वाहन फंसे बाया सिमलखेत पिथौरागढ़ पहुंच रहे हैं वाहन जनता में भारी आक्रोश
Laxman Singh Bisht
Tue, Sep 3, 2024एनएच की लापरवाही जनता पर पड़ी भारी 11 घंटे बाद भी नहीं खुल सका एनएच/ बंद पड़ी जेसीबी/ पोकलैंड की लाइट खराब सैकड़ो यात्रियों व वाहन फंसे बाया सिमलखेत पिथौरागढ़ पहुंच रहे हैं वाहन जनता में भारी आक्रोश
मंगलवार सुबह 9:00 बजे टनकपुर पिथौरागढ़ एनएच संतोला के पास पहाड़ी से मलवा आने से बंद हो गया बंद पड़े एनएच को 11 घंटे बीत जाने के बाद भी नहीं खोला जा सका है एनएच के अधिकारियों की लापरवाही जनता पर भारी पड़ी है सड़क बंद होने से कई स्कूली बच्चे, बुजुर्ग , महिलाएं ,एंबुलेंस सहित सैकड़ो यात्री सुबह से जाम में फंसे पड़े हैं इतने बड़े भूस्खलन के मलबे को साफ करने के लिए एनएच के अधिकारियों के द्वारा सिर्फ एक पोकलैंड मशीन व एक जेसीबी के सहारे खोलने का प्रयास किया जा रहा है दिन भर एनएच को नहीं खोला जा सका अंधेरा होने के बाद जेसीबी मशीन खराब होकर रैंप मे खड़ी हो गई है और पोकलैंड की लाइट खराब है टिप्पर की लाइट की मदद से एनएच को खोलने का प्रयास एनएच के अधिकारियों के द्वारा किया जा रहा है कई बीमारो को पैदल अस्पताल ले जाया गया है कई वाहन 60 किलोमीटर की अतिरिक्त दूरी तय कर बाया सिमलखेत पनार होते हुए पिथौरागढ़ को गए
सुबह से यात्री भूखे प्यासे एनएच में फंसे पड़े हैं वहीं लोगों में एनएच के खिलाफ भारी आक्रोश है लोगों ने कहा 11 घंटे से एनएच को नहीं खोला जा सकता है पुरानी मशीने एनएच खोलने में लगाई गई है कुल मिलाकर एनएच के अधिकारियो की लापरवाही जनता पर भारी पड़ी है लोग एनएच के अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं लोगों ने कहा वह सुबह से ही मशीनों की संख्या बढ़ाने की मांग कर रहे थे पर एनएच के अधिकारियों के द्वारा अनसुना कर दिया गया जिसका खामियाजा सुबह से लेकर रात तक जनता को भुगतना पड़ रहा है अभी भी एनएच के खुलने की कोई संभावना नहीं है
मंगलवार सुबह 9:00 बजे टनकपुर पिथौरागढ़ एनएच संतोला के पास पहाड़ी से मलवा आने से बंद हो गया बंद पड़े एनएच को 11 घंटे बीत जाने के बाद भी नहीं खोला जा सका है एनएच के अधिकारियों की लापरवाही जनता पर भारी पड़ी है सड़क बंद होने से कई स्कूली बच्चे, बुजुर्ग , महिलाएं ,एंबुलेंस सहित सैकड़ो यात्री सुबह से जाम में फंसे पड़े हैं इतने बड़े भूस्खलन के मलबे को साफ करने के लिए एनएच के अधिकारियों के द्वारा सिर्फ एक पोकलैंड मशीन व एक जेसीबी के सहारे खोलने का प्रयास किया जा रहा है दिन भर एनएच को नहीं खोला जा सका अंधेरा होने के बाद जेसीबी मशीन खराब होकर रैंप मे खड़ी हो गई है और पोकलैंड की लाइट खराब है टिप्पर की लाइट की मदद से एनएच को खोलने का प्रयास एनएच के अधिकारियों के द्वारा किया जा रहा है कई बीमारो को पैदल अस्पताल ले जाया गया है कई वाहन 60 किलोमीटर की अतिरिक्त दूरी तय कर बाया सिमलखेत पनार होते हुए पिथौरागढ़ को गए
सुबह से यात्री भूखे प्यासे एनएच में फंसे पड़े हैं वहीं लोगों में एनएच के खिलाफ भारी आक्रोश है लोगों ने कहा 11 घंटे से एनएच को नहीं खोला जा सकता है पुरानी मशीने एनएच खोलने में लगाई गई है कुल मिलाकर एनएच के अधिकारियो की लापरवाही जनता पर भारी पड़ी है लोग एनएच के अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं लोगों ने कहा वह सुबह से ही मशीनों की संख्या बढ़ाने की मांग कर रहे थे पर एनएच के अधिकारियों के द्वारा अनसुना कर दिया गया जिसका खामियाजा सुबह से लेकर रात तक जनता को भुगतना पड़ रहा है अभी भी एनएच के खुलने की कोई संभावना नहीं है