: चंपावत:सीएम पोर्टल में भी नहीं हुआ समस्या का समाधान ग्रामीण हैरान
Laxman Singh Bisht
Thu, Jul 27, 2023सीएम पोर्टल में भी नहीं हुआ ग्रामीणों की समस्या का समाधान
प्रदेश की जनता की समस्या के समाधान के लिए सरकार द्वारा सीएम पोर्टल बनाया गया है जिसमें जनता अपनी शिकायत दर्ज करती है और सीएम पोर्टल के माध्यम से समस्या का समाधान किया जाता है वही चंपावत जिले के जनकांडे क्षेत्र के ग्रामीणों के द्वारा सीएम पोर्टल में क्षेत्र की सड़क में डामरीकरण व सुधारीकरण की समस्या रखी थी लेकिन सीएम पोर्टल के माध्यम से भी ग्रामीणों की समस्या का समाधान नहीं हो सका क्षेत्र के सामाजिक कार्यकर्ता अमर सिंह व अशोक मेहरा ने जानकारी देते हुए बताया कि
शहीदों की भूमि जनकांडे क्षेत्र में 6 वर्ष पूर्व जिला पंचायत के द्वारा जनकांडे सीलिंग से लड़ी तक 2 किलोमीटर मोटर मार्ग का निर्माण किया गया था जो कि बरसों से काफी बदहाल स्थिति में है जिस कारण मार्ग में वाहनों , सरकारी कर्मचारियों , छात्र-छात्राओं व लोगों का पैदल चलना तक मुश्किल हो रहा है पूरी सड़क कीचड़ से पटी पड़ी हुई है जिस कारण क्षेत्र की 8 हजार से अधिक जनता प्रभावित हो रही है उन्होंने कहा उनके व ग्रामीणों के द्वारा कई बार पीडब्ल्यूडी और डीएम चंपावत से इस समस्या के समाधान की मांग करी गई पर कोई संज्ञान नहीं लिया गया वर्षों से समस्याएं जस की तस बनी हुई है उन्होंने कहा जिसके बाद उनके द्वारा बड़े विश्वास के साथ समस्या के समाधान के लिए सीएम पोर्टल पर शिकायत दर्ज करी गई और सीएम पोर्टल के माध्यम से पीडब्ल्यूडी लोहाघाट को मामले की जांच के आदेश दिए गए लेकिन पीडब्ल्यूडी के द्वारा सड़क उनके मानकों में ना आने की बात कहते हुए अपना पल्ला झाड़ लिया गया जिस कारण पूरे क्षेत्र की जनता अपने को ठगा महसूस कर रही है
उन्होंने कहा अगर मुख्यमंत्री के जिले में ही सीएम पोर्टल में समस्या का समाधान नहीं हो पा रहा है तो और कहां होगा उन्होंने मुख्यमंत्री से सड़क में डामरीकरण की मांग की है उन्होंने कहा गांव ने देश को 3 जांबाज शहीद व स्वतंत्रता संग्राम सेनानी दिए हैं जिनमें अशोक चक्र विजेता कैप्टन उमेद सिंह मेहरा भी शामिल है वही ग्रामीणों ने चेतावनी देते हुए भी कहा अगर उनकी मांगों को पूरा नहीं किया जाता है तो पूरे क्षेत्र की जनता आंदोलन करने को बाध्य होगी
इसके अलावा उनके पास अब कोई विकल्प नहीं बचा है सीएम पोर्टल ही उनका एक सहारा था वहां से भी उनको मदद नहीं मिल पाई प्रशासन व विभाग तो पहले ही आंखे मूद चुका है ग्रामीणों ने चेतावनी देते हुए कहा अगर उनकी समस्या का समाधान नहीं किया गया तो सरकार को इसका खामियाजा 2024 के लोकसभा चुनाव में भुगतना पड़ेगा
प्रदेश की जनता की समस्या के समाधान के लिए सरकार द्वारा सीएम पोर्टल बनाया गया है जिसमें जनता अपनी शिकायत दर्ज करती है और सीएम पोर्टल के माध्यम से समस्या का समाधान किया जाता है वही चंपावत जिले के जनकांडे क्षेत्र के ग्रामीणों के द्वारा सीएम पोर्टल में क्षेत्र की सड़क में डामरीकरण व सुधारीकरण की समस्या रखी थी लेकिन सीएम पोर्टल के माध्यम से भी ग्रामीणों की समस्या का समाधान नहीं हो सका क्षेत्र के सामाजिक कार्यकर्ता अमर सिंह व अशोक मेहरा ने जानकारी देते हुए बताया कि
शहीदों की भूमि जनकांडे क्षेत्र में 6 वर्ष पूर्व जिला पंचायत के द्वारा जनकांडे सीलिंग से लड़ी तक 2 किलोमीटर मोटर मार्ग का निर्माण किया गया था जो कि बरसों से काफी बदहाल स्थिति में है जिस कारण मार्ग में वाहनों , सरकारी कर्मचारियों , छात्र-छात्राओं व लोगों का पैदल चलना तक मुश्किल हो रहा है पूरी सड़क कीचड़ से पटी पड़ी हुई है जिस कारण क्षेत्र की 8 हजार से अधिक जनता प्रभावित हो रही है उन्होंने कहा उनके व ग्रामीणों के द्वारा कई बार पीडब्ल्यूडी और डीएम चंपावत से इस समस्या के समाधान की मांग करी गई पर कोई संज्ञान नहीं लिया गया वर्षों से समस्याएं जस की तस बनी हुई है उन्होंने कहा जिसके बाद उनके द्वारा बड़े विश्वास के साथ समस्या के समाधान के लिए सीएम पोर्टल पर शिकायत दर्ज करी गई और सीएम पोर्टल के माध्यम से पीडब्ल्यूडी लोहाघाट को मामले की जांच के आदेश दिए गए लेकिन पीडब्ल्यूडी के द्वारा सड़क उनके मानकों में ना आने की बात कहते हुए अपना पल्ला झाड़ लिया गया जिस कारण पूरे क्षेत्र की जनता अपने को ठगा महसूस कर रही है
उन्होंने कहा अगर मुख्यमंत्री के जिले में ही सीएम पोर्टल में समस्या का समाधान नहीं हो पा रहा है तो और कहां होगा उन्होंने मुख्यमंत्री से सड़क में डामरीकरण की मांग की है उन्होंने कहा गांव ने देश को 3 जांबाज शहीद व स्वतंत्रता संग्राम सेनानी दिए हैं जिनमें अशोक चक्र विजेता कैप्टन उमेद सिंह मेहरा भी शामिल है वही ग्रामीणों ने चेतावनी देते हुए भी कहा अगर उनकी मांगों को पूरा नहीं किया जाता है तो पूरे क्षेत्र की जनता आंदोलन करने को बाध्य होगी
इसके अलावा उनके पास अब कोई विकल्प नहीं बचा है सीएम पोर्टल ही उनका एक सहारा था वहां से भी उनको मदद नहीं मिल पाई प्रशासन व विभाग तो पहले ही आंखे मूद चुका है ग्रामीणों ने चेतावनी देते हुए कहा अगर उनकी समस्या का समाधान नहीं किया गया तो सरकार को इसका खामियाजा 2024 के लोकसभा चुनाव में भुगतना पड़ेगा