: बाराकोट :ढटी गांव में सरकारी योजनाओं में भ्रष्टाचार की जांच न होने पर 9 जनवरी से देहरादून सचिवालय में आमरण अनशन करेंगे बाबा अविनाशी ,डीएम चंपावत को दिया ज्ञापन
Laxman Singh Bisht
Wed, Jan 3, 2024
बाराकोट ढटी गांव में सरकारी योजनाओं में भ्रष्टाचार की जांच न होने पर 9 जनवरी से देहरादून सचिवालय में आमरण अनशन करेंगे बाबा अविनाशी डीएम चंपावत को दिया ज्ञापन
चंपावत जिले के लोहाघाट विधानसभा क्षेत्र के बाराकोट ब्लॉक के ढटी गांव निवासी लक्ष्मण नाथ उर्फ बाबा अविनाशी ने ढटी गांव में विभिन्न सरकारी योजनाओं में हुए भ्रष्टाचार की जांच न होने पर 9 जनवरी से देहरादून सचिवालय में आमरण अनशन करने तथा मांग पूरी न होने पर आत्मदाह की चेतावनी देते हुए बुधवार को डीएम चंपावत को ज्ञापन दिया है तथा एक सप्ताह के भीतर मुख्यमंत्री उत्तराखंड से इस मामले में मुलाकात करवाने की मांग करी है
लक्ष्मण नाथ उर्फ बाबा अविनाशी ने कहा 7 जनवरी तक अगर उनकी मांगे नहीं मानी गई तो वह 9 जनवरी से देहरादून सचिवालय में आमरण अनशन शुरू कर देंगे उसके बावजूद मांगे नहीं मानी गई तो वह आत्मघाती कदम उठाने के लिए मजबूर होंगे जिसकी पूरी जिम्मेदारी सरकार की होगी बाबा अविनाशी ने कहा सरकारी योजनाओं में हुए भ्रष्टाचार की जांच की मांग को लेकर उनके द्वारा सभी सरकारी विभागों के दफ्तरों के कई चक्कर लगाए गए लेकिन मामले में कोई जांच नहीं करी गई सिर्फ उन्हें आश्वासन दिया गया
जिससे आहत होकर अब वह इस कदम को उठाने जा रहे हैं और जब तक मामले में जांच नहीं होगी वह अनशन से नहीं उठेंगे चाहे उनकी जान ही क्यों ना चली जाए साथ ही उन्होंने ढटी गांव की ग्राम प्रधान के अधिकार वापस दिलाने की भी मांग करी है
चंपावत जिले के लोहाघाट विधानसभा क्षेत्र के बाराकोट ब्लॉक के ढटी गांव निवासी लक्ष्मण नाथ उर्फ बाबा अविनाशी ने ढटी गांव में विभिन्न सरकारी योजनाओं में हुए भ्रष्टाचार की जांच न होने पर 9 जनवरी से देहरादून सचिवालय में आमरण अनशन करने तथा मांग पूरी न होने पर आत्मदाह की चेतावनी देते हुए बुधवार को डीएम चंपावत को ज्ञापन दिया है तथा एक सप्ताह के भीतर मुख्यमंत्री उत्तराखंड से इस मामले में मुलाकात करवाने की मांग करी है
लक्ष्मण नाथ उर्फ बाबा अविनाशी ने कहा 7 जनवरी तक अगर उनकी मांगे नहीं मानी गई तो वह 9 जनवरी से देहरादून सचिवालय में आमरण अनशन शुरू कर देंगे उसके बावजूद मांगे नहीं मानी गई तो वह आत्मघाती कदम उठाने के लिए मजबूर होंगे जिसकी पूरी जिम्मेदारी सरकार की होगी बाबा अविनाशी ने कहा सरकारी योजनाओं में हुए भ्रष्टाचार की जांच की मांग को लेकर उनके द्वारा सभी सरकारी विभागों के दफ्तरों के कई चक्कर लगाए गए लेकिन मामले में कोई जांच नहीं करी गई सिर्फ उन्हें आश्वासन दिया गया
जिससे आहत होकर अब वह इस कदम को उठाने जा रहे हैं और जब तक मामले में जांच नहीं होगी वह अनशन से नहीं उठेंगे चाहे उनकी जान ही क्यों ना चली जाए साथ ही उन्होंने ढटी गांव की ग्राम प्रधान के अधिकार वापस दिलाने की भी मांग करी है